हेल्थ इंश्योरेंस लेने से पहले जानें ये 5 बातें

हेल्थ इंश्योरेंस लेने से पहले जानें ये 5 बातें

आज के समय में हेल्थ इंश्योरेंस का होना बहुत महत्वपूर्ण हो गया है. यदि आप दिल्ली जैसे शहर में रहते हैं तो यहां की हवा ही आपको बीमार कर सकती है. कई बार पानी या फिर गड़बड़ खाना खाने से भी तबीयत खराब हो जाती है. ऐसे में हॉस्पिटल जाने पर लाखों रुपये तक का बिल आ जाता है. इस तरह के बिल का बोझ आदमी के उपर ना पड़े, इसलिए वह हेल्थ इंश्योरेंस कराना प्रीफर करता है.

हेल्थ पॉलिसी का वेटिंग पीरियड

हेल्‍थ पॉलिसी लेने से पहले एडवाइजर से प्रश्न करें की इस पॉलिसी में कौन-कौन सी बिमारी कवर होगी? हेल्थ पॉलिसी में कई रोंगों के लिए वेटिंग पीरियड 2 से 3 वर्ष का होता है. हेल्थ पॉलिसी में वेटिंग पीरियड का मतलब होता है कि कई रोंगों का कवर दो से तीन वर्ष के बाद मिलती है. आप ऐसा हेल्थ पॉलिसी न लें जो आपके आवश्यकता के लिहाज से ठीक ना हो. 

प्रीमियम का लेखा-जोखा

हेल्थ इंश्योरेंस का प्रीमियम आपकी उम्र, परिवार के इतिहास, नौकरी में रिस्क, रोग आदि को देखते हुए तय किया जाता है. हेल्थ इंश्योरेंस लेने से पहले प्रीमियम को प्रभावित करने वाले कारकों को समझना बहुत महत्वपूर्ण है. यह आपको कम प्रीमियम पर बेहतर हेल्थ इंश्योरेंस चुनने में सहायता करेगा.

मेडिकल टेस्‍ट

बहुत सारी बीमा कंपनियां हेल्थ इंश्योरेंस देने से पहले मेडिकल टेस्‍ट सर्टिफिकेट लेना पसंद करती है. यह बीमा धारकों के हेल्थ की ठीक जानकारी लेने के लिए किया जाता है. यदि बीमा कंपनी मेडिकल टेस्‍ट नहीं करती है तो आप पॉलिसी फर्म में एकदम ठीक जानकारी दें. ठीक जानकारी छुपाने पर आपको क्लेम सेटलमेंट लेने में कठिनाई हो सकती है या कैंसिल हो सकता है.

कैशलेस हॉस्पिटल नेटवर्क

हेल्‍थ इंश्योरेंस लेने से पहले कैशलेस हॉस्पिटल नेटवर्क का लिस्ट जरूर चेक कर लें. कभी भी एक दो बड़े हॉस्पिटल को देखते हुए हेल्थ इंश्योरेंस न लें. यह प्रयास करें की आप के आसपास के हॉस्पिटल उस लिस्ट में शामिल हो. यह इसलिए महत्वपूर्ण है कि आपात स्थिति में आप जल्द से जल्द बेहतर उपचार प्राप्‍त कर पाएं.

पॉलिसी का डिटेल

हेल्‍थ इंश्योरेंस पॉलिसी में दुर्घटना, मातृत्व लाभ, एम्बुलेंस, शल्य चिकित्सा और आउट पेशेंट इलाज के लिए क्‍या प्रावधान हैं? क्‍या इन सभी को अच्छी तरह से शामिल किया गया है? यदि आपकी पॉलिसी इन सभी पर कवर देती है तो पॉलिसी का लिमिट चेक करें. सभी बिंदुओं पर संतुष्ट होने के बाद ही हेल्थ इंश्योरेंस लें. वरना बाद में हानि उठाना पड़ सकता है.