गली की खराश में फायदेमंद है इमली का सेवन

गली की खराश में फायदेमंद है इमली का सेवन

इमली के फल लाल से भूरे रंग के होते है, तथा स्वाद में बहुत खट्टे होते हैं इमली का पेड समय के साथ बहुत बडा हो सकता है और इसकी पत्तियां एक वृन्त के दोनों तरफ छोटी-छोटी लगी होती है। इसके वंश टैमेरिन्डस में सिर्फ एक प्रजाति होती है।

इमली के गुण:

इमली में विटामिन सी, ई और बी का प्रचुरता है। साथ ही इसमें एंटीऑक्सीडेंट्स भी मौजूद हैं वहीं आयरन, फाइबर, मैगनीज, कैल्शियम, फॉस्फोरस की भरपूर मात्रा पाई जाती है।

इमली खाने के फायदे:

# सांवलापन: 50 ग्राम इमली को 250 ग्राम पानी में भिगो दें। 15 मिनट बाद इसे ठीक से मसलकर चटनी जैसा पेस्ट बना लें। इसे शरीर पर मलकर 10-15 मिनट बाद स्नान करें। इससे सांवलापन दूर होता है।

# बुखार: पकी हुई इमली के फलों के रस की करीब 15 ग्राम फिवर से ग्रसित रोगी को दी जाए, तो बुखार जल्दी उतर जाता है। 

# गले की खराश: अगर आप गले की खराश से परेशान है तो इमली की पत्तियों को पीस कर उस का रस तैयार करें और फिर रस से कुल्ला करें। कुछ ही दिनों में गले की खराश से राहत मिलेगी।


लौंग के ज्यादा सेवन से भी हो सकती है एलर्जी

लौंग के ज्यादा सेवन से भी हो सकती है एलर्जी

शरीर की कई बिमारियों का इलाज तो हमारे किचन में ही रहता है बस थोड़ा ध्यान देने की जरूरत होती है। लौंग बहुत आम मसाला हैं जिसका आम तौर पर खाना पकाने के लिए उपयोग किया जाता है। परंपरागत रूप से कई बीमारियों के उपचार के लिए उपयोग किया जाता है। लेकिन ज्यादा लौंग भी कुछ मामलों में हानिकारक हो सकती है।

ज्यादा लौंग खाने के नुकशान:

अगर ब्लड शुगर सामान्य स्तर से नीचे हैं, तो आपको जल्दी से लौंग के इस्तेमाल को कम करना होगा इस स्वास्थ्य की स्थिति में लौंग खाना बहुत खतरनाक है। लौंग खून में ग्लूकोज के स्तर को कम करता है।

# लौंग का ज्यादा इस्तेमाल करने से एलर्जी हो सकती है। लौंग में यूजेनॉल होता है और यह केमिकल एलर्जी का सबसे महत्वपूर्ण कारण है। लौंग की अत्यधिक मात्रा में सेवन से चकत्ते, सूजन, और पित्ती हो जाते हैं।

# लौंग का बहुत अधिक मात्रा में सेवन करने से लंबे समय तक खून बह सकता है। लौंग खून को पतला कर देता है इस वजह से ब्लीडिंग हो सकती है।