अच्छी स्वास्थ्य के लिए काली किशमिश खाना बहुत महत्वपूर्ण

अच्छी स्वास्थ्य के लिए काली किशमिश खाना बहुत महत्वपूर्ण

वैसे तो लोग भूरी, लाल, हरी या सुनहरे रंग की किशमिश का सेवन करते हैं और यह सभी लाभकारी भी होती हैं लेकिन क्या आपने काली किशमिश खाई है. यदि आप इसे नहीं खाते हैं, तो आज ही इसको अपनी डाइट में शामिल करें. सबसे खासकर वे लोग, जिन्हें एनीमिया है, बाल अधिक झड़ते हैं, त्वचा संबंधित कोई परेशानी है. जी हाँ और इसके अतिरिक्त भी काली किशमिश के कई बेजोड़ स्वास्थ्य फायदा होते हैं. आज हम आपको उन्ही के बारे में बताने जा रहे हैं

काली किशमिश में उपस्थित पोषक तत्व- जी दरअसल काली किशमिश में सबसे अधिक आयरन होता है. इसी के साथ ही कार्बोहाइड्रेट, फाइबर, ऊर्जा, प्रोटीन, शुगर, कैल्शियम, आयरन, सोडियम, कई तरह के विटामिंस जैसे विटामिन सी, एंटीऑक्सीडेंट्स, अमीनो एसिड आदि उपस्थित होते हैं.

काली किशमिश खाने के फायदे-

इम्यूनिटी करे मजबूत- अच्छी स्वास्थ्य के लिए काली किशमिश खाना बहुत महत्वपूर्ण है. जी दरअसल इसमें रोग प्रतिरोधक क्षमता को मजबूत करने वाले तत्व होते हैं.

एनीमिया से बचाए- इस किशमिश में आयरन की मात्रा बहुत होती है, जो खून में हीमोग्लोबिन लेवल को बढ़ाकर एनीमिया से बचाता है. जी हाँ और एक मुट्ठी काली किशमिश खाने से रोजाना आयरन लेने की मात्रा की आवश्यकता पूरी होती है.

बैड कोलेस्ट्रॉल घटाए- काली किशमिश में बैड कोलेस्ट्रॉल या एलडीएल को कम करने वाली प्रॉपर्टीज होती हैं. इसी के साथ ही सॉल्युबल फाइबर के रूप में एंटी-कोलेस्ट्रॉल कम्पाउंड भी होते हैं, जो शरीर से कोलेस्ट्रॉल को कम करने में सहायता करते हैं और हार्ट के साथ ही संपूर्ण स्वास्थ्य को दुरुस्त रखते हैं. इसके अतिरिक्त इसमें एन्जाइम्स भी होते हैं, जो कोलेस्ट्रॉल को एब्जॉर्ब करके शरीर में इसके स्तर को कम करते हैं.

ब्लड प्रेशर को रखे नॉर्मल- हाई ब्लड प्रेशर होने के कारण आपको कई तरह की गंभीर शारीरिक समस्याएं हो सकती हैं. इस वजह से बीपी को नॉर्मल बनाए रखना बहुत महत्वपूर्ण है. काली किशमिश में पोटैशियम अधिक होता है, इसलिए शरीर में सोडियम की मात्रा कम करने के लिए इसे सबुह खाना लाभकारी होता है. सोडियम अधिक होने से हाई ब्लड प्रेशर की परेशानी बढ़ जाती है.

कब्ज नहीं होगी- प्रत्येक दिन काली किशमिश खाने से कब्ज की परेशानी दूर होती है. यह डाइजेस्टिव ट्रैक्ट को साफ रखती है, जिससे ब्लोटिंग, अपच, गैस जैसी समस्याएं भी दूर होती हैं.

हड्डियों को मजबूती- इसके सेवन से हड्डियां स्वस्थ रहती हैं, क्योंकि इसमें अधिक मात्रा में कैल्शियम होता है.  रोजाना आप काली किशमिश 8-10 दाना जरूर खाएं.

त्वचा को रखे जवां- काली किशमिश में कुछ प्राकृतिक प्रॉपर्टीज होती हैं, जो खून को साफ करती हैं. खून साफ होने से त्वचा भी हेल्दी, ग्लोइंग और समस्याओं से मुक्त हो जाती है.

बालों को झड़ने से रोके- अगर आप काले, घने और मजबूत बाल चाहते हैं, तो आप काली किशमिश का सेवन कर सकते हैं.  इसको खाने से बाल पतले नहीं होते हैं, झड़ते नहीं हैं.

काली किशमिश का सेवन कैसे करें- इसको पानी में भिगोकर सुबह खाना चाहिए.


शरीर का कौन सा अंग इस्तेमाल करता है सबसे ज्यादा ऊर्जा

शरीर का कौन सा अंग इस्तेमाल करता है सबसे ज्यादा ऊर्जा

इंसान को कोई भी काम करने के लिए ऊर्जा (Why energy is needed for body) की आवश्यकता होती है ये ऊर्जा उसे खाने से मिलती है पर क्या आप जानते हैं कि शरीर के कुछ अंगों को अधिक ऊर्जा की आवश्यकता पड़ती है जबकि कुछ को कम ऐसे में ये प्रश्न पूछना तो लाजमी है कि आखिर कौन सा हिस्सा सबसे अधिक ऊर्जा का इस्तेमाल (Which organ uses most energy) करता है और इसे ये ऊर्जा मिलती कैसे है?

बिना पहेलियां बुझाए आपको सीधे शब्दों में इसका उत्तर देते हैं दिमाग यानी ब्रेन ( brain uses the most energy in body), आदमी के शरीर का ऐसा अंग है जिसके बिना आदमी एक कदम भी आगे नहीं बढ़ा सकता यही अंग सबसे अधिक ऊर्जा का इस्तेमाल करता है वैसे सोचने वाली बात ये भी है कि जिस अंग का इतना जटिल काम है, वो अधिक ऊर्जा तो इस्तेमाल करेगा ही चलिए आपको दिमाग के द्वारा ली जाने वाली ऊर्जा के बारे कुछ अनोखी बातें बताते हैं

दिमाग के लिए क्या है ईंधन
हार्वर्ड मेडिकल विद्यालय की एक रिपोर्ट के मुताबिक ग्लूकोज, शुगर का एक रूप, शरीर की प्रत्येक कोशिका के लिए ऊर्जा का प्राथमिक साधन है ब्रेन में सबसे अधिक संख्या में नर्व सेल, न्यूरॉन आदि होते हैं इसलिए उसे ऊर्जा का सबसे अधिक काम होता है बड़ी मात्रा में शुगर से मिलने वाली ऊर्जा दिमाग के पास ही जाती है शुगर दिमाग का प्रमुख ईंधन है

दिमाग सबसे अधिक ऊर्जा का इस्तेमाल करता है (प्रतीकात्मक फोटो: Canva)

दिमाग के हिस्से भिन्न-भिन्न तरह से इस्तेमाल करते हैं ऊर्जा
अब प्रश्न ये उठता है कि दिमाग कितनी ऊर्जा का इस्तेमाल करता है ब्रेन फैक्ट्स की रिपोर्ट के मुताबिक आराम कर रहे शख्स के शरीर की 20 प्रतिशत ऊर्जा दिमाग इस्तेमाल करता है यदि ब्रेन में भी हम और अंदर जाकर इस बारे में विस्तार से बात करें तो दिमाग में ग्रे मैटर और व्हाइट मैटर जैसे दो भाग होते हैं ग्रे मैटर अधिक ऊर्जा का इस्तेमाल करता है जबकि व्हाइट मैटर कम दिमाग को इस ऊर्जा की सबसे अधिक आवश्यकता सोचने, और शरीर के बाकी हिस्सों को संदेश भेजने में इस्तेमाल होती है हमारे सोने के दौरान भी ब्रेन चलता रहता है, ऐसे में उसे सक्रिय रखने में ये ऊर्जा जाती है

दिमाग केवल 10 प्रतिशत ही काम करता है?
आपने कई बार ये सुना होगा कि आम आदमी दिमाग का केवल 10 प्रतिशत (Why humans use 10 percent of brain) हिस्सा इस्तेमाल करता है और कोई जादूई गोली खाने से वो 90 प्रतिशत इस्तेमाल करने लगेगा ये केवल एक अफवाह है एक तरह ये बात सच है कि दिमाग कम हिस्सा इस्तेमाल करता है, मगर ऐसा इसलिए नहीं होता क्योंकि दिमाग में कोई कमी है ऐसा इसलिए होता है जिससे दिमाग अपनी ऊर्जा को बचा सके यदि हमने किसी तरह दिमाग में स्थित तीन गुना न्यूरॉन्स को एक बार में सक्रिय कर दिया तो उसे ऊर्जा और ऑक्सीजन की उतनी ही तेजी से आवश्यकता पड़ेगी, जितनी पैर की मांसपेशियों को दौड़ते समय पड़ती है