जहरीले धतूरे से भी किया जाता है कई बिमारियों का इलाज

जहरीले धतूरे से भी किया जाता है कई बिमारियों का इलाज

वैसे तो धतूरे का इस्तेमाल भगवान् शिव की पूजा में किया जाता है। लेकिन धतूरा सिर्फ भगवान् शिव की पूजा में ही प्रयोग नहीं किया जाता है बल्कि इसके इस्तेमाल से हम अपनी सेहत को भी हमेशा अच्छा बना कर रख सकते है। धतूरे की जड़, पत्तियां यहां तक की फल का इस्तेमाल भी हमारी सेहत के लिए फायदेमंद होता है।

शारीरिक स्वास्थ्य में भी फायदेमंद है धतूरा:

# पैरों में सूजन आ गयी है तो सूजन को उतारने के लिए धतूरे की कुछ पत्तियों को पीसकर सूजन वाली जगह पर लगाने से सूजन उतर जाती है।

# कई लोगो को बालो के झड़ने की समस्या होती है। ऐसे में रोज अपने बालो की जड़ो में धतूरे के रस को लगाने से बालो का झड़ना रुक जाता है और सर पर नए बाल जल्दी आने शुरु हो जाते हैं।

# कान में दर्द होने पर थोड़े से सरसों के तेल में गंधक और थोड़े धतूरे के पत्तों के रस को मिलाकर धीमी आंच पर पकाएं। जब ये अच्छे से पक जाये तो इसे छान कर रख ले। अब इस तेल की दो से तीन बूंदे अपने कान में डालें। 


लौंग के ज्यादा सेवन से भी हो सकती है एलर्जी

लौंग के ज्यादा सेवन से भी हो सकती है एलर्जी

शरीर की कई बिमारियों का इलाज तो हमारे किचन में ही रहता है बस थोड़ा ध्यान देने की जरूरत होती है। लौंग बहुत आम मसाला हैं जिसका आम तौर पर खाना पकाने के लिए उपयोग किया जाता है। परंपरागत रूप से कई बीमारियों के उपचार के लिए उपयोग किया जाता है। लेकिन ज्यादा लौंग भी कुछ मामलों में हानिकारक हो सकती है।

ज्यादा लौंग खाने के नुकशान:

अगर ब्लड शुगर सामान्य स्तर से नीचे हैं, तो आपको जल्दी से लौंग के इस्तेमाल को कम करना होगा इस स्वास्थ्य की स्थिति में लौंग खाना बहुत खतरनाक है। लौंग खून में ग्लूकोज के स्तर को कम करता है।

# लौंग का ज्यादा इस्तेमाल करने से एलर्जी हो सकती है। लौंग में यूजेनॉल होता है और यह केमिकल एलर्जी का सबसे महत्वपूर्ण कारण है। लौंग की अत्यधिक मात्रा में सेवन से चकत्ते, सूजन, और पित्ती हो जाते हैं।

# लौंग का बहुत अधिक मात्रा में सेवन करने से लंबे समय तक खून बह सकता है। लौंग खून को पतला कर देता है इस वजह से ब्लीडिंग हो सकती है।