टीवीएस रेसिंग मे पहली बार तीन भारतीय राइडर्स भी होंगे शामिल

टीवीएस रेसिंग मे पहली बार तीन भारतीय राइडर्स भी होंगे शामिल

विस्तार TVS Motor Company (टीवीएस मोटर कंपनी) की फैक्ट्री रेसिंग टीम TVS Racing (टीवीएस रेसिंग) ने हाल ही में अपनी वन मेक चैंपियनशिप को ग्लोबल प्लेटफॉर्म पर लॉन्च करने का एलान किया है. TVS Asia One-Make Championship (टीवीएस एशिया वन-मेक चैंपियनशिप) इस महीने के आखिर में मलेशिया में होगी. अब, कंपनी ने अपने 16 राइडर स्क्वॉड का एलान किया है जो टीवीएस एशिया वन-मेक चैंपियनशिप में हिस्सा लेंगे और इसमें तीन भारतीय राइडर्स भी शामिल हैं.

टीवीएस रेसिंग का बोलना है कि एशिया वन-मेक चैंपियनशिप के लिए राइडर स्क्वॉड का चयन राइडर के स्किल, उनकी लेटेस्ट सर्वश्रेष्ठ उपलब्धियों और उनके लैप टाइमिंग पर आधारित था ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि डेब्यू चैंपियनशिप में केवल सर्वश्रेष्ठ का ही चयन हो. इसके अलावा, राइडर्स की निरंतरता और अनुकूलन क्षमता को भी ध्यान में रखा गया था. 

ये हैं टीवीएस एशिया वन-मेक चैंपियनशिप 2022 के लिए चुने गए राइडर्स: 
  राइडर का नाम देश लिंग Muhamad Harith Farhan Baharin मलयेशिया पुरुष Muhamad Fitri Ashraf मलयेशिया पुरुष Agung Septian इंडोनेशिया पुरुष Decky Tiarno Aldy इंडोनेशिया पुरुष Vorapong Malahuan थाइलैंड पुरुष Nattaphon Kaewmun थाइलैंड पुरुष Watcharin Tubtimon थाइलैंड पुरुष Arsyad Rusydi सिंगापुर पुरुष Kerwin Eins Golbert G. Chang फिलिपींस पुरुष Jagan Kumar हिंदुस्तान पुरुष KY Ahmed हिंदुस्तान पुरुष Deepak हिंदुस्तान पुरुष Miu Nakahara जापान स्त्री Hayato Kobayashi जापान पुरुष Varis Felix Fleming ऑस्ट्रेलिया पुरुष James Frederick Jacobs ऑस्ट्रेलिया पुरुष

उल्लेखनीय है कि टीवीएस एशिया वन-मेक चैंपियनशिप किसी भारतीय निर्माता द्वारा वैश्विक स्तर पर पहली बार रोड रेसिंग चैंपियनशिप होगी. यह FIM Asia Road Racing Championship (ARRC), एफआईएम एशिया रोड रेसिंग चैंपियनशिप (एआरआरसी) के साथ-साथ आयोजित किया जाएगा. टीवीएस एशिया वन-मेक चैंपियनशिप 2022 में कंपनी की फ्लैगशिप मोटरसाइकिल Apache RR 310 (अपाचे आरआर 310) के रेस-स्पेक वर्जन का इस्तेमाल किया जाएगा. 
 


घूस लेकर चीनी नागरिकों को दिलवाया वीजा

घूस लेकर चीनी नागरिकों को दिलवाया वीजा

सीबीआई ने पूर्व गृह मंत्री पी चिदंबरम के बेटे और कांग्रेस पार्टी सांसद कार्ति चिदंबरम के विरूद्ध एक और मामला दर्ज कर उनके करीब 10 ठिकानों पर छापेमारी की ये छापेमारी दिल्ली, मुंबई, चेन्नई, कर्नाटक, पंजाब और ओडिशा में की गई है सीबीआई ने कार्ति चिंदबरम और दूसरे आरोपियों के विरूद्ध जो मामला दर्ज किया है उसमें आरोप है कि कार्ति ने 50 लाख रुपये घूस लेकर गृह मंत्रालय से चीनी नागरिकों को वीजा दिलवाया हैय

चीनी नागरिकों को दिलवाया वीजा

सीबीआई में दर्ज मुद्दे के अनुसार पंजाब के मानसा में तलवंडी साबो पावर प्लांट लग रहा था इस थर्मल पावर प्लांट की क्षमता 1980 मेगा वॉट थी जिसे लगाने का जिम्मा चीन की Shandong Electric Power Construction Corp (SEPCO) को दिया गया था

यही वजह थी कि इस प्लांट को लगाने के लिये चीन के इंजीनियरों को प्रोजेक्ट वीजा दिया गया था लेकिन काम में देरी के चलते कंपनी को अधिक चीनी इंजीनियरों की आवश्यकता थी जिसके लिये वे वीजा स्वीकृति चाहिये थे क्योंकि इससे पहले जो प्रोजेक्ट वीजा दिये गये थे वो तय समय से अधिक हो चुके थे और फिर से वीजा के लिये गृह मंत्रालय से स्वीकृति महत्वपूर्ण थी

एक कपंनी के जरिए 50 लाख की घूस

इसके लिये पावर प्लांट ने कार्ति चिंदबरम को संपर्क किया और फिर 50 लाख रुपयों के बदले कार्ति चिदंबरम ने गृह मंत्रालय से 263 Re-use प्रोजेक्ट वीजा की स्वीकृति दिलवाई ध्यान देने वाली बात ये है कि वर्ष 2011 में जब ये स्वीकृति दिलवाई गई उस दौरान कार्ति के पिता पी चिदंबरम राष्ट्र के गृहमंत्री थे  

एजेंसी के अनुसार चीनी इंजीनियरों को वीजा दिलाने के बदले जो 50 लाख की घूस दी गई थी वो मुंबई की एक कंपनी M/s Bell Tools Ltd के जरिये दी गई थी कार्ति की कंपनी ने कंस्लटेंसी के नाम पर फर्जी बिल इस कंपनी के नाम बनाया जिसके बदले ये रिशवत दी गई